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28 मई 2026 का पंचांग: जानिए आज की तिथि, नक्षत्र, विक्रम संवत 2083 का मंत्री मंडल और शुभ मुहूर्त

28 मई 2026, गुरुवार का बिल्कुल शुद्ध, विस्तृत और प्रामाणिक वैदिक पंचांग। यदि आप आज कोई शुभ कार्य करने जा रहे हैं, या आज के ग्रहों की स्थिति जानना चाहते हैं, तो यह संपूर्ण पंचांग आपके बहुत काम आएगा। 


सूर्योदय एवं चन्द्रोदय का समय

  • सूर्योदय: सुबह 05:25 AM
  • सूर्यास्त: शाम 07:12 PM
  • चंद्रोदय: दोपहर 04:47 PM
  • चंद्रास्त: अगले दिन की रात 03:34 AM (29 मई)

आज का मुख्य पंचांग (Panchang Details)

  • तिथि: ज्येष्ठ अधिक मास, शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि सुबह 07:56 AM तक है, इसके बाद त्रयोदशी तिथि शुरू हो जाएगी।
  • नक्षत्र: चित्रा नक्षत्र  सुबह 08:08 AM तक रहेगा, जिसके बाद स्वाती नक्षत्र लग जाएगा।
  • योग: वरीयान योग अगले दिन (29 मई) सुबह 03:55 AM तक रहेगा, इसके बाद परिघ योग शुरू होगा।
  • करण: बालव करण सुबह 07:56 AM तक, उसके बाद कौलव करण रात 08:51 PM तक रहेगा, फिर तैतिल करण शुरू होगा।
  • वार: गुरुवार (Thursday)
  • पक्ष: शुक्ल पक्ष

हिंदू मास, संवत एवं बृहस्पति संवत्सर

  • विक्रम संवत: 2083 सिद्धार्थी
  • शक संवत: 1948 पराभव
  • गुजराती संवत: 2082 पिंगल
  • बृहस्पति संवत्सर: सिद्धार्थी (21 अप्रैल 2026 तक), वर्तमान में रौद्र।
  • चन्द्रमास: ज्येष्ठ (अधिक) - पूर्णिमान्त और अमान्त।
  • प्रविष्टे/गते: 14

विक्रम संवत 2083 का मंत्री मंडल

इस वर्ष के ग्रहों का राजा, मंत्री और पूरा मंडल इस प्रकार है, जो हमारे जीवन और देश-दुनिया पर असर डालता है:

  • राजा: गुरु (शासन व्यवस्था के स्वामी)
  • मंत्री: मंगल (नीतियों एवं प्रशासन के स्वामी)
  • सश्याधिपति: गुरु (खरीफ की फसलों के स्वामी)
  • धनाधिपति: गुरु (धन एवं कोष के स्वामी)
  • रसाधिपति: शनि (रस एवं द्रव पदार्थों के स्वामी)
  • सेनाधिपति: चन्द्र (रक्षा मंत्री एवं सेनानायक)
  • धान्याधिपति: बुध (रबी की फसलों के स्वामी)
  • मेघाधिपति: चन्द्र (मेघ एवं वर्षा के स्वामी)
  • नीरसाधिपति: गुरु (धातु, खनिज आदि के स्वामी)
  • फलाधिपति: चन्द्र (फल-पुष्पादि के स्वामी)

राशि तथा नक्षत्र गोचर

  • चन्द्र राशि: चन्द्रमा पूरे दिन तुला राशि में संचार करेंगे।
  • सूर्य राशि: सूर्य देव वृषभ राशि में विराजमान हैं।
  • सूर्य नक्षत्र: रोहिणी नक्षत्र (सूर्य नक्षत्र पद: रोहिणी 3 - सुबह 03:05 AM, 29 मई तक, इसके बाद रोहिणी 4)।
  • नक्षत्र पद: चित्रा नक्षत्र सुबह 08:08 AM तक रहेगा, इसके बाद स्वाती नक्षत्र पद 1 दोपहर 02:44 PM तक, और फिर स्वाती नक्षत्र पद 2 रात 09:21 PM तक रहेगा।

आज का शुभ समय (Shubh Muhurat Timings)

  • अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:51 AM से दोपहर 12:46 PM तक (यह हर प्रकार के शुभ काम के लिए सर्वश्रेष्ठ है)।
  • ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:03 AM से 04:44 AM तक।
  • प्रातः सन्ध्या: सुबह 04:24 AM से 05:25 AM तक।
  • गोधूलि मुहूर्त: शाम को 07:11 PM से 07:32 PM तक।
  • सायाह्न सन्ध्या: शाम को 07:12 PM से रात 08:14 PM तक।
  • विजय मुहूर्त: दोपहर 02:36 PM से दोपहर 03:32 PM तक।
  • निशिता मुहूर्त: रात 11:58 PM से रात 12:39 AM तक (29 मई)।
  • अमृत काल: अगले दिन की रात 12:55 AM से 02:41 AM तक (29 मई)।

आज का अशुभ समय

  • राहुकाल:दोपहर 02:02 PM से शाम 03:45 PM तक रहेगा। इस दौरान कोई भी नया काम या बड़ा लेन-देन न करें।
  • यमगंड काल: सुबह 05:25 AM से सुबह 07:08 AM तक।
  • गुलिक काल: सुबह 08:52 AM से सुबह 10:35 AM तक
  • दुर्मुहूर्त: सुबह 10:01 AM से 10:56 AM तक, और दोबारा दोपहर 03:32 PM से शाम 04:27 PM तक रहेगा।
  • वर्ज्य काल: दोपहर 02:19 PM से शाम 04:05 PM तक।
  • बाण: रज बाण — शाम 06:45 PM से पूरी रात्रि तक रहेगा।

आनन्दादि एवं तमिल योग

  • आनन्दादि योग: चर योग सुबह 08:08 AM तक रहेगा, इसके बाद स्थिर योग शुरू होगा जो कि अत्यंत शुभ माना जाता है।
  • तमिल योग: सिद्ध योग सुबह 08:08 AM तक, उसके बाद अमृत योग रहेगा।

दिशा शूल: गुरुवार के दिन दक्षिण (South) दिशा में दिशा शूल रहता है। आज दक्षिण दिशा की लंबी यात्रा करने से बचना चाहिए।

निष्कर्ष

आज 28 मई को अधिक मास की द्वादशी तिथि है। आज के दिन दोपहर में मिलने वाला अभिजीत मुहूर्त और सुबह 8:08 बजे के बाद शुरू होने वाला स्थिर और अमृत योग किसी भी धार्मिक कार्य या निवेश के लिए बेहद उत्तम हैं। बस दोपहर में राहुकाल (02:02 PM से 03:45 PM) के समय का विशेष ध्यान रखें।

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